21 नवंबर 2012 - 20:30

इस्लामी क्रान्ति हित संरक्षक बल सिपाहे पासदारान के कमांडर मेजर जनरल मोहम्मद अली जाफ़री ने कहा है कि इस्लामी गणतंत्र ईरान ने फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध आंदोलन हमास को फ़ज्र 5 मीसाइल बनाने की केवल तकनीक दी है..........

इस्लामी क्रान्ति हित संरक्षक बल सिपाहे पासदारान के कमांडर मेजर जनरल मोहम्मद अली जाफ़री ने कहा है कि इस्लामी गणतंत्र ईरान ने फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध आंदोलन हमास को फ़ज्र 5 मीसाइल बनाने की केवल तकनीक दी है।उन्होंने बुधवार को इस बात का उल्लेख करते हुए कि इस समय ग़ज़्ज़ा की नाकाबंदी है इसलिए हम उनकी सहायता नहीं कर पा रहे हैं कहा कि ईरान ने ग़ज़्जा को केवल फ़ज्र 5 मीसाइल के उत्पादन की तकनीक दी है जिसका वे तेज़ी से उत्पादन कर रहे हैं।  मेजर जनरल मोहम्मद अली जाफ़री ने कहा कि हम सभी मुसलमान देशों को साम्राज्यवादी शक्तियों के विरुद्ध डट जाने के लिए तकनीकी सहायता देने और अपनी जनता की रक्षा के लिए अपना अनुभव देने के लिए तय्यार हैं।उन्होंने इस्राईल के इस दावे पर कि ईरान ने हमास को फ़ज्र पांच मीसाइल दी है, प्रतिक्रिया स्वरूप यह बयान दिया।ज्ञात रहे ज़ायोनी युद्धक विमानों ने ग़ज़्ज़ा पर अपने ताज़ा हमले में फ़्रांस  प्रेस के कार्यालय पर बम्बारी की जिसमें एक व्यक्ति हताहत हो गया। ज़ायोनी सेना ने ग़ज़्ज़ा पट्टी पर 14 नवंबर से 21 नवंबर के बीच 1500 हमले किए।ईरानी कमांडर ने कहा कि ईरान ग़ज़्ज़ा और ज़ायोनी शासन के बीच संघर्ष विराम का समर्थन करता है यदि ये संघर्ष विराम फ़िलिस्तीनियों के हित में है..........166